शनिदेव और हनुमान जी की कथा

  शनिदेव और हनुमान जी की कथा बहुत समय पहले, जब रावण का अत्याचार बढ़ रहा था, तब सभी ग्रहों को उसने कैद कर रखा था। ग्रहों को अपने वश में रखकर वह खुद को अजेय समझता था। उन ग्रहों में शनिदेव भी शामिल थे। ⭐ 1. रावण के बंधन में शनिदेव रावण ने शनिदेव को जेल में बाँधकर रखा था ताकि उनकी दृष्टि उसके जीवन में न पड़े और उसे किसी प्रकार का विनाश न हो। परंतु शनिदेव मन ही मन प्रार्थना कर रहे थे कि कोई उन्हें मुक्त करे। ⭐ 2. हनुमान जी का अशोक वाटिका पहुँचना जब हनुमान जी सीता माता की खोज में लंका पहुँचे, तो उन्होंने रावण के द्वारा बंदी बनाए देवताओं और ग्रहों को देखा। उनकी करुणा जाग उठी और उन्होंने सभी को मुक्त करने का संकल्प किया। ⭐ 3. हनुमान जी द्वारा शनिदेव को मुक्त करना हनुमान जी ने अपने बल से रावण की बेड़ियों को तोड़ा और सभी ग्रहों को आजादी दी। शनिदेव उनके सामने आए और बोले: “हे पवनसुत! तुमने मुझे रावण के अत्याचार से मुक्त किया है। मैं तुम्हारा उपकार कभी नहीं भूलूँगा।” ⭐ 4. शनिदेव का हनुमान जी को वचन शनिदेव ने हनुमान जी को आशीर्वाद देते हुए कहा: “हे हनुमान! जो भी तुम्हारा भक्त होगा,...

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होली पर मेहमानों को खिलाएं मीठी कचौड़ी


होली पर मेहमानों को खिलाएं मीठी कचौड़ी



होली के दिन घर की महिलाएं स्‍वादिष्‍ट व्‍यंजनों के मामले में किसी अन्‍य से पीछे नहीं रहना चाहतीं। हम भी यही चाहते हैं कि आप होली पर अपने परिवार वालों को वह बना कर खिलाएं जिसे और किसी ने बनाने की सोचीं भी न हों। तो दोस्‍तो बिना देर करते हुए आज हम आपको बनाना सिखाएगें मीठी कचौड़ी। आइये देखते हैं इसको बनाने की विधी- सामग्री- 250 ग्राम आंटा, 1 टेबलस्‍पून बेसन, 1 टेबलस्‍पून घी, आंटा गूथने के लिए पानी, तेल तलने के लिए। भरने के लिए- 100 ग्राम चीनी का बूरा, 150 ग्राम खोया, 100 ग्राम कसे हुए मेवे, 1/4 ग्राम इलायची के दाने। केसर सीरप- 250 ग्राम चीनी, 250 एमएल पानी, 1/2 टीस्‍पून केसर पानी में भिगोया हुआ। विधी- सबसे पहले आंटे और बेसन को एक कटोरे में डालें और उंगलियों में थोडा थोडा घी लगाते हुए पानी डाल कर आंटा गूथें। गूथे हुए आंटे को 15 मिनट तक के लिए कपड़े से ढांक कर ठंडा होने तक के लिए रख दें। उसके बाद एक कटोरे में सारी भरावन सामग्री को एक साथ मिला कर रख लें। इसी तरह केसर के सीरप को बनाने के लिए चीनी और पानी को पांच मिनटों तक उबालें और उसमें केसर मिला कर घोल तैयार कर लें। अब आंटे को लें और उसे 4 इंट तक गोल बेल लें और उसमें सारी भरावन सामग्री मिला लें। पानी लगा कर सील को बंद कर दें। तेल गरम करें और उसमें कचौडि़यों को गोल्‍डन ब्राउन होने तक डीप फ्राइ करें। कचौड़ी को बीच से तोड़े और उसमें एक बड़ा चम्‍मच केसर सीरप डाल कर सर्व करें।



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